राजस्थान के प्रमुख शिलालेख व अभिलेख
राजस्थान के इतिहास को जानने के सबसे विश्वसनीय स्रोत अभिलेख हैं — पत्थर पर खुदे शिलालेख व प्रशस्तियां और तांबे की पट्टिकाओं पर खुदे ताम्रपत्र। इनसे शासकों की वंशावली, युद्धों, दान और तत्कालीन समाज की प्रामाणिक जानकारी मिलती है।
📑 विषय सूची 6 टॉपिक
स्रोतों के प्रकार
प्रमुख शिलालेख (कालक्रम से)
| शिलालेख | स्थान | समय | महत्व |
|---|---|---|---|
| बड़ली शिलालेख | बड़ली (अजमेर) | 443 ई.पू. | राजस्थान का सबसे प्राचीन शिलालेख; ब्राह्मी लिपि; अजमेर संग्रहालय में |
| भाब्रू शिलालेख | बैराठ | मौर्यकाल | अशोक के बौद्ध धर्म अनुयायी होने का प्रमाण; कोलकाता संग्रहालय में |
| घोसुंडी शिलालेख | नगरी (चित्तौड़गढ़) | दूसरी सदी ई.पू. | राजस्थान में भागवत (वैष्णव) धर्म का प्राचीनतम प्रमाण; संस्कृत; अश्वमेध यज्ञ |
| नांदसा यूप स्तंभ | नांदसा (भीलवाड़ा) | 225 ई. | यज्ञ स्तंभ लेख |
| बर्नाला यूप स्तंभ | बर्नाला (जयपुर) | 227 ई. | यज्ञ स्तंभ लेख |
| सामोली शिलालेख | सामोली (उदयपुर) | 646 ई. | गुहिल शासक शिलादित्य; जैतक महत्तर; खनन उद्योग की जानकारी |
| अपराजित शिलालेख | नागदा (उदयपुर) | 661 ई. | गुहिल शासक अपराजित |
| मानमोरी शिलालेख | चित्तौड़गढ़ | 713 ई. | मौर्य शासक मानमोरी; कर्नल टॉड इंग्लैंड ले जाते समय इसे समुद्र में फेंक दिया |
| कणसवा (कंसुआ) शिलालेख | कोटा | 738 ई. | मौर्य शासक धवल का उल्लेख (राजस्थान का अंतिम मौर्य शासक) |
| घटियाला शिलालेख | घटियाला (जोधपुर) | 861 ई. | प्रतिहार शासक कक्कुक |
| हर्षनाथ शिलालेख | हर्ष (सीकर) | 973 ई. | चौहान वंश की वंशावली (वाक्पतिराज, विग्रहराज द्वितीय) |
| बिजोलिया शिलालेख | बिजोलिया (भीलवाड़ा) | 1170 ई. | चौहानों को वत्स गोत्रीय ब्राह्मण बताया; सांभर-अजमेर चौहानों की वंशावली; कई स्थानों के प्राचीन नाम |
| चीरवा शिलालेख | चीरवा (उदयपुर) | 1273 ई. | गुहिल वंश; मेवाड़ की सामाजिक-धार्मिक स्थिति |
| श्रृंगी ऋषि शिलालेख | एकलिंगजी के पास (उदयपुर) | 1428 ई. | महाराणा मोकल; मेवाड़ के भील समाज की जानकारी |
| रणकपुर प्रशस्ति | रणकपुर (पाली) | 1439 ई. | बप्पा रावल व कालभोज को अलग-अलग व्यक्ति बताया; शिल्पी देपाक का उल्लेख |
| कीर्ति स्तंभ प्रशस्ति | चित्तौड़गढ़ | 1460 ई. | रचयिता अत्रि व महेश भट्ट; कुंभा की उपाधियां व विजयों का वर्णन |
| कुंभलगढ़ प्रशस्ति | कुंभलगढ़ (राजसमंद) | 1460 ई. | मेवाड़ के गुहिलों की वंशावली; बप्पा रावल को विप्रवंशीय बताया |
| रायसिंह प्रशस्ति | जूनागढ़ (बीकानेर) | 1594 ई. | राव बीका से रायसिंह तक बीकानेर का इतिहास; रचयिता जैता |
| आमेर शिलालेख | आमेर (जयपुर) | 1612 ई. | कछवाहों को "रघुवंश तिलक" कहा; मानसिंह द्वारा जमुआ रामगढ़ दुर्ग निर्माण |
| जगन्नाथराय प्रशस्ति | उदयपुर | 1652 ई. | रचयिता कृष्ण भट्ट; हल्दीघाटी युद्ध का वर्णन |
| राजप्रशस्ति | राजसमंद झील (नौचौकी) | 1676 ई. | रचयिता रणछोड़ भट्ट; 25 शिलाओं पर संस्कृत में — विश्व की सबसे बड़ी प्रशस्ति; मुगल-मेवाड़ संधि (1615) का वर्णन |
कीर्ति स्तंभ प्रशस्ति में कुंभा की उपाधियां
चित्तौड़गढ़, 1460 ई.
प्रमुख ताम्रपत्र
| ताम्रपत्र | समय | महत्व |
|---|---|---|
| धूलेव का दानपत्र | 679 ई. | किष्किंधा (कल्याणपुर) के राजा भेट्टी द्वारा उब्बरक गांव का दान |
| खेरोदा ताम्रपत्र | 1437 ई. | महाराणा कुंभा द्वारा एकलिंगजी में दान; प्रायश्चित्त का उल्लेख |
| पुर ताम्रपत्र | 1535 ई. | चित्तौड़ में रानी कर्णावती के जौहर की जानकारी |
⚠️ परीक्षा में भ्रम वाले तथ्य: (1) सबसे प्राचीन शिलालेख — बड़ली; सबसे बड़ा — राजप्रशस्ति। (2) टॉड ने समुद्र में फेंका — मानमोरी शिलालेख। (3) चौहानों को वत्स गोत्रीय ब्राह्मण — बिजोलिया शिलालेख।
वन-लाइनर तथ्य (Quick Revision)
- राजस्थान का सबसे प्राचीन शिलालेख — बड़ली (443 ई.पू.)।
- भागवत धर्म का प्राचीनतम प्रमाण — घोसुंडी शिलालेख।
- टॉड ने समुद्र में फेंका — मानमोरी शिलालेख।
- चौहानों को वत्स गोत्रीय ब्राह्मण — बिजोलिया शिलालेख (1170)।
- बप्पा व कालभोज अलग व्यक्ति — रणकपुर प्रशस्ति।
- कीर्ति स्तंभ प्रशस्ति — अत्रि व महेश भट्ट।
- कछवाहों को "रघुवंश तिलक" — आमेर शिलालेख (1612)।
- सबसे बड़ी प्रशस्ति — राजप्रशस्ति (25 शिलाएं, रणछोड़ भट्ट)।
- धूलेव का दानपत्र — 679 ई.; खेरोदा ताम्रपत्र — कुंभा (1437)।
- कर्णावती के जौहर की जानकारी — पुर ताम्रपत्र (1535)।
अभ्यास प्रश्न (MCQ)
विकल्प चुनें — सही उत्तर तुरंत दिखेगा।
1 राजस्थान का सबसे प्राचीन शिलालेख कौन-सा है?
2 राजस्थान में भागवत धर्म का प्राचीनतम प्रमाण किस शिलालेख से मिलता है?
3 किस शिलालेख को कर्नल टॉड ने समुद्र में फेंक दिया?
4 किस शिलालेख में चौहानों को वत्स गोत्रीय ब्राह्मण बताया गया है?
5 कीर्ति स्तंभ प्रशस्ति के रचयिता कौन हैं?
6 राजप्रशस्ति के रचयिता कौन हैं?
7 कछवाहों को "रघुवंश तिलक" किस शिलालेख में कहा गया है?
8 रानी कर्णावती के जौहर की जानकारी किस स्रोत से मिलती है?
9 खेरोदा ताम्रपत्र किस शासक से संबंधित है?
10 धूलेव का दानपत्र किस वर्ष का है?